Breaking News
उत्तराखंड में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम होगा मजबूत, 112 से जुड़ेंगी सभी हेल्पलाइन
उत्तराखंड में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम होगा मजबूत, 112 से जुड़ेंगी सभी हेल्पलाइन
लक्ष्मणझूला क्षेत्र में गंगा नदी में स्नान के दौरान युवक डूबा, SDRF का सर्च अभियान जारी
लक्ष्मणझूला क्षेत्र में गंगा नदी में स्नान के दौरान युवक डूबा, SDRF का सर्च अभियान जारी
हिमाचल का फरार बदमाश पटेलनगर से गिरफ्तार
हिमाचल का फरार बदमाश पटेलनगर से गिरफ्तार
श्रमिक कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है सरकार- मुख्यमंत्री धामी 
श्रमिक कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है सरकार- मुख्यमंत्री धामी 
‘द स्कैम-लीक्ड’ का टीजर जारी, पेपर लीक के दर्द और छात्रों के संघर्ष को दिखाएगी सीरीज
‘द स्कैम-लीक्ड’ का टीजर जारी, पेपर लीक के दर्द और छात्रों के संघर्ष को दिखाएगी सीरीज
मुख्यमंत्री धामी ने स्व. मनोज मनराल को दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री धामी ने स्व. मनोज मनराल को दी श्रद्धांजलि
भारत और जिम्बाब्वे के बीच टी20 सीरीज का पहला मुकाबला आज
भारत और जिम्बाब्वे के बीच टी20 सीरीज का पहला मुकाबला आज
असम में बारिश बनी आफत, 24 घंटे में 10 लोगों की हुई मौत
असम में बारिश बनी आफत, 24 घंटे में 10 लोगों की हुई मौत
सीएम धामी ने पेपर लीक मामलों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के प्रधानमंत्री के निर्णय का किया स्वागत
सीएम धामी ने पेपर लीक मामलों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के प्रधानमंत्री के निर्णय का किया स्वागत

निजी परमिट वाहनों को लेकर नियमों में बड़ा बदलाव, 1 अप्रैल 2026 से होंगे लागू

निजी परमिट वाहनों को लेकर नियमों में बड़ा बदलाव, 1 अप्रैल 2026 से होंगे लागू

अब होम स्टेट से ही शुरू करनी होगी यात्रा, 60 दिन से ज्यादा बाहर रहना मना

देहरादून। केंद्र सरकार ने निजी परमिट वाहनों को लेकर नियमों में बड़ा बदलाव किया है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा जारी नई अधिसूचना के तहत पर्यटक वाहनों के संचालन से जुड़े कई प्रावधानों में संशोधन किया गया है, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होंगे। इन नए नियमों का असर उत्तराखंड समेत पूरे देश में देखने को मिलेगा।

संशोधित नियमों के अनुसार अब सभी पर्यटक वाहनों के लिए यह अनिवार्य होगा कि वे अपनी यात्रा उसी राज्य से शुरू करें, जहां से उन्हें परमिट जारी किया गया है। साथ ही कोई भी वाहन अपने गृह राज्य के बाहर लगातार 60 दिनों से अधिक नहीं रह सकेगा। सरकार का मानना है कि इससे परमिट के दुरुपयोग पर रोक लगेगी और राज्यों के बीच संचालन में पारदर्शिता बढ़ेगी।

नए प्रावधानों के तहत परमिट के लिए आवेदन करते समय यह सुनिश्चित किया जाएगा कि संबंधित वाहन पर किसी भी राष्ट्रीय राजमार्ग का टोल बकाया न हो। बकाया होने की स्थिति में परमिट जारी नहीं किया जाएगा। इसके अलावा सरकार ने परमिट की वैधता अवधि भी बढ़ा दी है। पहले जहां यह अवधि 12 वर्ष थी, अब इसे बढ़ाकर 15 वर्ष कर दिया गया है, जिससे वाहन मालिकों को राहत मिलेगी।

आवेदन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए व्यक्तिगत आवेदकों के लिए आधार संख्या अनिवार्य कर दी गई है, जबकि कंपनियों को कॉर्पोरेट पहचान संख्या (CIN) या जीएसटी नंबर देना होगा। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि वाहन उसी राज्य में पंजीकृत हो, जहां से उसका संचालन किया जा रहा है।

सरकार का कहना है कि इन बदलावों से पर्यटन परिवहन व्यवस्था को अधिक सुव्यवस्थित और जवाबदेह बनाया जा सकेगा।

Back To Top