Breaking News
उत्तराखंड में जीएसटी संग्रहण में उल्लेखनीय बढ़ोतरी, नेट एसजीएसटी 24% बढ़ा
उत्तराखंड में जीएसटी संग्रहण में उल्लेखनीय बढ़ोतरी, नेट एसजीएसटी 24% बढ़ा
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया अपने पद से इस्तीफा
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया अपने पद से इस्तीफा
भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला आज
भारत और जिम्बाब्वे के बीच तीन मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला आज
भारत का विदेशी मुद्रा भंडार बढ़कर 676.23 अरब डॉलर पहुंचा, आरबीआई के ताजा आंकड़े जारी
भारत का विदेशी मुद्रा भंडार बढ़कर 676.23 अरब डॉलर पहुंचा, आरबीआई के ताजा आंकड़े जारी
‘जन नायकन’ का बॉक्स ऑफिस पर जलवा, दो दिन में पार किया 50 करोड़ का आंकड़ा
‘जन नायकन’ का बॉक्स ऑफिस पर जलवा, दो दिन में पार किया 50 करोड़ का आंकड़ा
शिक्षक बनने का सुनहरा मौका,16 अगस्त को होगी संयुक्त बीएड-एमएड प्रवेश परीक्षा
शिक्षक बनने का सुनहरा मौका,16 अगस्त को होगी संयुक्त बीएड-एमएड प्रवेश परीक्षा
मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में हुई व्यय वित्त समिति की बैठक
मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में हुई व्यय वित्त समिति की बैठक
ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंसः हर युवा का भविष्य बचाना हमारी प्राथमिकता- डीएम
ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंसः हर युवा का भविष्य बचाना हमारी प्राथमिकता- डीएम
उत्तराखंड पुलिस के निलंबित सिपाही शेर सिंह के तथाकथित “इस्तीफे” को लेकर उठे सवाल
उत्तराखंड पुलिस के निलंबित सिपाही शेर सिंह के तथाकथित “इस्तीफे” को लेकर उठे सवाल

अतिथि शिक्षकों को वित्त विभाग ने दिया झटका, मानदेय बढ़ाने के प्रस्ताव को किया रद्द 

अतिथि शिक्षकों को वित्त विभाग ने दिया झटका, मानदेय बढ़ाने के प्रस्ताव को किया रद्द 

25 हजार रुपये से बढ़ाकर 30 हजार रुपये किए जाने का था प्रस्ताव 

पिछले महीने भेजा गया था प्रस्ताव 

देहरादून। प्रदेश के माध्यमिक अतिथि शिक्षकों का मानदेय 25 हजार रुपये से बढ़ाकर 30 हजार रुपये किए जाने के प्रस्ताव को वित्त विभाग ने रद्द कर दिया। शिक्षा मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत के निर्देश पर शिक्षा विभाग ने पिछले महीने वित्त विभाग को इसका प्रस्ताव भेजा था।

सचिव वित्त दिलीप जावलकर के मुताबिक, अतिथि शिक्षकों का पूर्व में मानदेय 15 हजार रुपये से बढ़ाकर 25 हजार रुपये किया गया था। फिर से इतनी जल्दी उनका मानदेय नहीं बढ़ाया जा सकता। मानदेय बढ़ाने के प्रस्ताव को रद्द कर दिया गया है। प्रदेश के विभिन्न दुर्गम और अति दुर्गम विद्यालयों में अतिथि शिक्षक वर्ष 2015 से कार्यरत हैं।

शुरुआत में इन्हें प्रतिवादन के हिसाब से मानदेय दिया गया। जिसे कई वर्षों में बढ़ाया गया है। वर्ष 2018 में इनका मानदेय बढ़ाकर 15,000 हजार रुपये किया गया, जबकि वर्ष 2021-22 में इसे 15,000 रुपये से बढ़ाकर 25,000 रुपये किया गया। अतिथि शिक्षक तभी से मानदेय बढ़ाने के साथ ही उनके पदों को सुरक्षित किए जाने की मांग करते आ रहे हैं।

अतिथि शिक्षक संघ के प्रांतीय महामंत्री दौलत जगुड़ी के मुताबिक, अतिथि शिक्षकों के पदों को खाली न माने जाने का प्रस्ताव पूर्व में कैबिनेट में आया था, लेकिन इसका शासनादेश नहीं हुआ। उनकी गृह जिलों में तैनाती का मामला भी लटका हुआ है।

 

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top