Breaking News
बारह बजे हुआ रामलला का सूर्य तिलक, चार मिनट तक सूर्य की किरणों ने किया अभिषेक 
बारह बजे हुआ रामलला का सूर्य तिलक, चार मिनट तक सूर्य की किरणों ने किया अभिषेक 
26वें फ्लोर से नीचे आते समय लिफ्ट में फंसी छह बच्चियां, मेंटेनेंस कर्मी को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी 
26वें फ्लोर से नीचे आते समय लिफ्ट में फंसी छह बच्चियां, मेंटेनेंस कर्मी को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी 
जलवायु परिवर्तन और मौसम के पैटर्न में हुए बदलाव का अब सीधा तापमान पर पड़ेगा असर 
जलवायु परिवर्तन और मौसम के पैटर्न में हुए बदलाव का अब सीधा तापमान पर पड़ेगा असर 
पत्नी के प्राइवेट पार्ट में नुकीले हथियार से वार का मामला अत्यंत दुःखद, निन्दापुर्ण हमले के आरोपी को मिलेगी कड़ी सजा – कुसुम कण्डवाल
पत्नी के प्राइवेट पार्ट में नुकीले हथियार से वार का मामला अत्यंत दुःखद, निन्दापुर्ण हमले के आरोपी को मिलेगी कड़ी सजा – कुसुम कण्डवाल
अब अंतरराष्ट्रीय फलक पर छाने की तैयारी करें खिलाड़ी – रेखा आर्या
अब अंतरराष्ट्रीय फलक पर छाने की तैयारी करें खिलाड़ी – रेखा आर्या
नई मुख्य सूचना आयुक्त होंगी पूर्व मुख्य सचिव राधा रतूड़ी
नई मुख्य सूचना आयुक्त होंगी पूर्व मुख्य सचिव राधा रतूड़ी
मुख्यमंत्री धामी ने प्रदेशवासियों को दी रामनवमी की बधाई
मुख्यमंत्री धामी ने प्रदेशवासियों को दी रामनवमी की बधाई
अजित कुमार की फिल्म ‘गुड बैड अग्ली’ का ट्रेलर हुआ रिलीज, 10 अप्रैल को सिनेमाघरों में दस्तक देगी फिल्म 
अजित कुमार की फिल्म ‘गुड बैड अग्ली’ का ट्रेलर हुआ रिलीज, 10 अप्रैल को सिनेमाघरों में दस्तक देगी फिल्म 
माह दिसम्बर तक बजट का 80 प्रतिशत तक खर्च किया जाए- मुख्यमंत्री
माह दिसम्बर तक बजट का 80 प्रतिशत तक खर्च किया जाए- मुख्यमंत्री

भारतीय संस्कृति और परंपराएं गुयाना में फल-फूल रही हैं- प्रधानमंत्री

भारतीय संस्कृति और परंपराएं गुयाना में फल-फूल रही हैं- प्रधानमंत्री

नई दिल्ली। भारत और गुयाना के बीच सांस्कृतिक संबंधों को और भी प्रगाढ़ बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज गुयाना के प्रसिद्ध सरस्वती विद्या निकेतन स्कूल का दौरा किया। इस दौरान, प्रधानमंत्री ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति गुयाना में बढ़ते हुए सम्मान और उनके फल-फूलने के बारे में अपनी बात साझा की।

प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी पोस्ट में लिखा, “गुयाना में भारतीय संस्कृति और परंपराएँ सचमुच फल-फूल रही हैं। मुझे एक ऐसे स्‍थल पर जाने का अवसर मिला है, जो सांस्कृतिक समागम और लोगों के बीच आपसी संपर्क को बढ़ावा देने में हमेशा अग्रणी रहा है – सरस्वती विद्या निकेतन स्कूल। मैं इस स्कूल के सभी सदस्यों की सराहना करता हूं और साथ ही स्वामी आकाशरानंद जी के नेतृत्व में किए गए प्रयासों की भी प्रशंसा करता हूं, जिन्होंने भारत और गुयाना के बीच सांस्कृतिक संबंधों को मजबूती प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।”

प्रधानमंत्री का यह बयान दोनों देशों के बीच मजबूत होते सांस्कृतिक और सामाजिक संबंधों का प्रतीक है, और इसने भारतीय समुदाय की सांस्कृतिक धरोहर को विदेशों में फैलाने में मदद करने के लिए किए गए योगदान की भी सराहना की है।

इस अवसर पर, प्रधानमंत्री ने स्वामी आकाशरानंद के अद्वितीय योगदान को भी मान्यता दी, जो गुयाना में भारतीय संस्कृति को फैलाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top